पूर्व उप जिलाधिकारी मुसाफिरखाना का करीबी बनकर फ्राड का आरोप

SDM का करीबी बनकर की धोखाधड़ी का मामला प्रकाश में आया हैं मुसाफिरखाना में पट्टा दिलाने के नाम पर गरीबों से लिए गए लाखों रुपए, फर्जी दस्तावेज थमाने का आरोप!अमेठी के मुसाफिरखाना तहसील में एक बड़ा भ्रष्टाचार का मामला निकल कर सामने आया है। तिलोई तहसील का एक व्यक्ति खुद को पूर्व एसडीएम सविता यादव का करीबी बताकर दर्जनों लोगों से पट्टा दिलाने के नाम पर लाखों रुपए ले गया। आरोपी ने गरीबों को फर्जी हस्ताक्षर वाले पट्टे के दस्तावेज दे दिए। जब पीड़ितों ने तहसील में जमीन का कब्जा लेने के लिए संपर्क किया, तब पता चला कि एसडीएम के हस्ताक्षर और सभी दस्तावेज नकली हैं। इसी दौरान एसडीएम सविता यादव का स्थानांतरण भी हो गया।पीड़ितों ने जब आरोपी से संपर्क किया तो उसने किस्तों में कुछ पैसे लौटाए। बाकी राशि के लिए चेक दे दिया गया, जो बाउंस हो गया। अब वह बकाया पैसा देने से मना कर रहा है। मामला तब सामने आया जब पीड़ितों ने बाजार शुकुल थाना में पहुंचे विधायक सुरेश पासी व तहसीलदार से समाधान दिवस में शिकायत की है।

बोले तहसीलदार 

जल्द ही कार्रवाई ठगी का शिकार होने वालों में सुधार मऊ के रमेश कुमार, सैदपुर के राम अभिलेख, दूधाधारी के राकेश कुमार और नांदी के रामू शामिल हैं। तहसीलदार राहुल सिंह ने बताया कि मामले को गंभीरता से लिया गया है। जांच नायब तहसीलदार जगदीशपुर को सौंपी गई है और जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।